Formula no. 22

थायराइड के लक्षण कारण व उपचार

Thyroid Symptoms in HindiThyroid गले में स्थित एक ग्रंथि (gland) का नाम है। यह ग्लैंड गले के आगे के हिस्से में मौजूद होता है और इसका आकार एक तितली के समान होता है। यह बॉडी के कई तरह के metabolic processes* को control करने के काम आता है।

शरीर में होने वाले कैमिकल रिएक्शनस को जो हमारे जीवन के लिए ज़रूरी हैं थायराइड की समस्याएं क्या होती हैं? / Thyroid Problems in Hindi?

Thyroid Gland से produce होने वाले hormones शरीर में होने वाले सभी मेटाबोलिक प्रक्रियाओं को affect करते हैं। थायराइड disorders से घेंघा जैसी छोटी बीमारी से लेकर जानलेवा कैंसर तक हो सकता है। लेकिन जो सबसे common थायराइड प्रॉब्लम होती है वो है थायराइड हॉर्मोन्स का सही मात्रा में प्रोडक्शन ना होना। इसमें दो तरह की समस्या आती है-

Hyperthyroidism (हाइपरथायरायडिज्म / अतिगलग्रंथिता ): ज़रुरत से अधिक hormones का पैदा होना
Hypothyroidism (हाइपोथायरायडिज्म / अवटु-अल्पक्रियता): ज़रूअत से कम हॉर्मोन्स का प्रोडक्शन होना
इन समस्याओं की वजह से कई तरह की परेशानियां हो सकती हैं, लेकिन अगर सही से diagnose करके इलाज किया जाए तो इन्हें अच्छे से manage किया जा सकता है थाइरोइड ग्लैंड से निकलने वाले hormones शरीर के लगभग सभी हिस्सों को प्रभावित करते हैं, skin, brain, muscles, कुछ भी इससे अछूता नहीं है। इनका सबसे एहम काम होता है बॉडी द्वारा use हो रही energy को कण्ट्रोल करना, जिसे हम metabolism के नाम से जानते हैं। इसमें दिल कैसे धड़कता है, body का temperature कैसे कंट्रोल होता है और हम कैसे अपनी कैलोरीज बर्न करते हैं; ये सब शामिल है।

पुरुषों के मुकाबले महिलाओं को hyperthyroidism होने की सम्भावना 5 से 10 गुना अधिक होती है।
ये हाइपरथायरायडिज्म होने का सबसे आम कारण है। ये एक तरह की autoimmune condition होती है जिसमे हमारे शरीर का इम्यून सिस्टम एक antibody create करता है जिसे कारण थायराइड ग्लैंड अधिक मात्र में थायराइड hormone release करने लगता है। यदि परिवार में किसी एक व्यक्ति को ये बीमारी है तो और लोगों को भी समस्या हो सकती है। आमतौर पर ये प्रॉब्लम कम उम्र की औरतों को होती है।

2. Thyroiditis / थाइरोइडाइटिस
थायराइड की सूजन को थाइरोइडाइटिस कहते हैं। Thyroiditis में किसी वायरस या इम्यून सिस्टम में प्रॉब्लम की वजह से थायराइड ग्लैंड में स्वेलिंग हो जाती है और वो bloodstream में hormone leak करने लगता है।
Thyroiditis कई प्रकार का हो सकता है:

Subacute / सबऐक्यूट ​ (किसी अनजान कारण से अचानक होने वाला Thyroiditis, जो कुछ महीनो बाद अपने आप ही ठीक हो जाता है।)
Postpartum/ प्रसवोत्तर​ (इस तरह की Thyroiditis महिलाओं को प्रेगनेंसी के बाद affect करती है। बच्चा पैदा होने के बाद 10 में से 1-2 महिलाओं को ये समस्या हो जाती है।) आमतौर पर ये problem एक-दो महीने तक बनी रहती है और उसके बाद कुछ महीनो तक hypothyroidism की समस्या पैदा हो जाती है।
Silent / साइलेंट​ (ये प्रसवोत्तर थ्य्रोदितिस की तरह ही होता है)

3. Thyroid nodule / थायराइड नोड्यूल
इस समस्या में थायराइड ग्लैंड में एक या उससे ज्यादा ल्म्प्स या नोड्यूल grow हो जाते हैं जिसे ग्लैंड की एक्टिविटी बढ़ जाती है और आपके खून में अधिक मात्रा में थायराइड हॉर्मोन release होने लगता है।
दरअसल, हमारी बॉडी थायराइड हॉर्मोन बनाने के लिए आयोडीन का प्रयोग करती है और जब उसे ये अधिक मात्र में मिलने लगता है तो हॉर्मोन भी अधिक बनने लगता है और ये प्रॉब्लम हो जाती है।​4. Thyroid medications थायराइड मेडिकेशन
अधिक मात्र में थायराइड hormone medication लेने से भी hyperthyroidism हो सकता है। यदि आपका hypothyroidism का इलाज चल रहा है तो कभी भी बिना वैध से पूछे दवा का extra dose न लें, भले ही आप पहले दवा खाना भूल गए हो

हाइपरथायरायडिज्म के लक्षण / Hyper- Thyroid Symptoms in Hindi
अक्सर hyperthyroidism के लक्षण बहुत साफ़ नहीं होते और अन्य बीमारियों से मिलते जुलते होते हैं। अगर आपको बहुत mild form of hyperthyroidism है तो संभव है कि आपको कोई भी लक्षण दिखाई ना दे। लेकिन जब ये समस्या होती है तब आपको रोज-मर्रा की चीजें करने में परेशानी होती है। ज्यादातर मरीजों में थायराइड बड़ा हो जाता है, जिसे हम घेंघा या goitre भी कहते हैं। ऐसे में आपको गले के अगले भाग में एक लम्प दिखाई या महसूस होता है। इसके आलावा hyperthyroidism के ये symptoms हो सकते हैं:

चिंता, घबराहट और चिड़चिड़ापन
भूख बढ़ने के बावजूद वजन का कम होना
मल त्यागने की frequency बढ़ना और ढीली टट्टी होना
सोने में दिक्कत होना
दोहरी दृष्टि की समस्या होना
आँखों का बाहर निकलना
बालों की समस्या जैसे की टूटना, पतला होना और झड़ना
Heart beat का irregular होना, खासतौर से वृद्ध लोगों में Menstrual cycle में बदलाव होना, जिसमे हल्का खून निकलना औ periods की frequency कम होना शामिल है।
मांसपेशियों में कमजोरी, विशेष रूप से जांघों और ऊपरी बाहों में उँगलियों के नाखुनो का तेजी से बढ़ना
हाथों का कांपना
पसीना आना
त्वचा का पतला होना

Medicine Quantity
(1) Arogya Sat 10 Gram (2) Regmai 30 Gram (3) Sobhai 20 Gram (4)Silajeet 50 Gram
मात्रा अरोग्य सत 10 ग्राम रेगमाई 30 ग्राम सोभाई 20 , शिलाजित 50 ग्राम

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